एस डी एम ने कहा नहीं होने पायेगी अराजकता
कुशीनगर, कप्तानगंज: जनपद के थाना कप्तानगंज अंतर्गत ग्राम सभा शेखपुरवा में प्रधान पति पर निजी द्वेष के चलते जबरन खड़ंजा निर्माण कराने का आरोप लगा है।मजे की बात है जहाँ कब्ज़ा की जा रही वो लोग बुजुर्ग और महिला है!
ग्रामीणों के अनुसार प्रधान पति रुद्र प्रकाश सिंह द्वारा श्री रामनगीना सिंह और उनके पड़ोसी ज्ञान प्रकाश सिंह के घर के सामने / दरवाजे पर खड़ंजा लगवाने का प्रयास किया जा रहा था, जिससे दो पक्षों में खूनी संघर्ष की स्थिति बन गई थी।
मामले की जानकारी मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंचने के बाद थाना अध्यक्ष कप्तानगंज ने मौके पर पुलिस बल भेजकर स्थिति को नियंत्रित किया। बताया जा रहा है कि प्रधान पति द्वारा कई बार कब्जे का प्रयास किया गया, जिसे पुलिस ने रोक दिया। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से बड़ा टकराव टल गया।
अधिकारियों ने भी बताया निर्माण गलत
इस संबंध में खंड विकास अधिकारी कप्तानगंज मौके पर पहुंचे। उनका कहना है कि जिस स्थान पर निर्माण कराया जा रहा है वह गलत है। वहीं उप जिलाधिकारी कप्तानगंज ने भी मामले का संज्ञान लिया है और भौतिक सत्यापन में पाया गया है कि किसी के निजी दरवाजे पर इस तरह खड़ंजा, नाली या पुलिया का निर्माण नहीं होता है।
एसडीएम और बीडीओ दोनों का कहना है कि किसी भी ग्राम प्रधान द्वारा इस तरह से किसी के दरवाजे पर गुंडई नहीं की जा सकती।
गंभीर आरोप
सूत्रों के हवाले से यह भी आरोप लगाया जा रहा है कि प्रधान पति द्वारा कुछ लोगों को सुतली बम और असलहा उपलब्ध कराया गया है और रात-बिरात में निर्माण कराकर अपनी दबंगई दिखाने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों को आशंका है कि त्योहारी सीजन में कोई बड़ी घटना हो सकती है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि कप्तानगंज थाने में प्रधान पति के खिलाफ पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें एक मामले में एसपी बनकर धमकाने का आरोप भी शामिल है। हालांकि पुलिस द्वारा अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन की निगरानी में स्थिति शांत है। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है।
मामले की जानकारी मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंचने के बाद थाना अध्यक्ष कप्तानगंज ने मौके पर पुलिस बल भेजकर स्थिति को नियंत्रित किया। बताया जा रहा है कि प्रधान पति द्वारा कई बार कब्जे का प्रयास किया गया, जिसे पुलिस ने रोक दिया। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से बड़ा टकराव टल गया।
अधिकारियों ने भी बताया निर्माण गलत
इस संबंध में खंड विकास अधिकारी कप्तानगंज मौके पर पहुंचे। उनका कहना है कि जिस स्थान पर निर्माण कराया जा रहा है वह गलत है। वहीं उप जिलाधिकारी कप्तानगंज ने भी मामले का संज्ञान लिया है और भौतिक सत्यापन में पाया गया है कि किसी के निजी दरवाजे पर इस तरह खड़ंजा, नाली या पुलिया का निर्माण नहीं होता है।
एसडीएम और बीडीओ दोनों का कहना है कि किसी भी ग्राम प्रधान द्वारा इस तरह से किसी के दरवाजे पर गुंडई नहीं की जा सकती।
गंभीर आरोप
सूत्रों के हवाले से यह भी आरोप लगाया जा रहा है कि प्रधान पति द्वारा कुछ लोगों को सुतली बम और असलहा उपलब्ध कराया गया है और रात-बिरात में निर्माण कराकर अपनी दबंगई दिखाने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों को आशंका है कि त्योहारी सीजन में कोई बड़ी घटना हो सकती है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि कप्तानगंज थाने में प्रधान पति के खिलाफ पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें एक मामले में एसपी बनकर धमकाने का आरोप भी शामिल है। हालांकि पुलिस द्वारा अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन की निगरानी में स्थिति शांत है। प्रधान पति से पीड़ितों ने मामले की निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है।
